आइने तोड़ डाले गये

ख़ूब पत्थर उछाले गये
आइने तोड़ डाले गये
बादलों ने नज़र फेरली
आके मुँहतक निवाले गये
दुश्मनी पर तुला था कोई
और हम हैं कि टाले गये
ख़ूबियाँ उनकी देखी गयीं
दोष मुझमें निकाले गये
शौक़ परवान चढ़ता गया
बाज़ पिंजरों में पाले गये
-सौरभ

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  1. C.M. Sharma babucm 22/10/2016

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