रेल की पटरी

साथ तो हैं हम वर्षों से ,मगर
बिलकुल रेल की पटरी की तरह ,
साथ हैं भी , हम जुदा जुदा भी ,
बिलकुल ही रेल की पटरी की तरह।

ऐसा नही है, कि हम हमेशा ही ,
अलग मत ही होतें हैं , हम हर
बड़ी बड़ी बातों में ज्यादातर ,
एकमत ही रहतें हैं , बिलकुल ही
रेल की पटरी की तरह।

जो कहीं कहीं बिलकुल सट भी,
जाती है ,मगर अगले पल में ,
अलग होने के लिए ,बिलकुलही
रेल की पटरी की तरह ही।

यह बात अलग है कि बड़ीं बडीं बातें तो ,
जिन्दगी में गिनती की ही होतीं हैं ,
मगर ज्यादातर हर छोटी छोटी बातों मे ,
हम हमेशा अलग मत ही रहतें हैं,
बिलकुल ही रेल की पटरी की तरह।

साथ तो हैं हम वर्षों से ,मगर
बिलकुल रेल की पटरी की तरह ,
साथ हैं भी , हम जुदा जुदा भी ,
बिलकुल ही रेल की पटरी की तरह।

10 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 18/10/2016
    • Manjusha Manjusha 18/10/2016
  2. C.M. Sharma babucm 18/10/2016
    • Manjusha Manjusha 18/10/2016
  3. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 18/10/2016
    • Manjusha Manjusha 18/10/2016
  4. shivdutt 18/10/2016
    • Manjusha Manjusha 18/10/2016
  5. mani mani 18/10/2016
    • Manjusha Manjusha 18/10/2016

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