पति परमेश्वर

मेरे पति जब तक पति थे तो अच्छे थे ,
मगर ऊपरवाले ने कुछ ऐसी साजिश रची ,
कि मेरे पति को मेरा परमेश्वर ही बना डाला।

ऐसी गड़बड़ ऊपरवाला अक्सर ही मेरे साथ किया करता है ,
मै उस पीढ़ी और उस सोच की तो बिलकुल  नहीं हूँ ,जो कि
अपने पति को ही अपना परमेश्वर माना करतीं थीं।

मेरी जिंदगी पर मेरे उनका पहरा तो मेरे माता पिता ने ,
पूरे विधि विधान से पहले ही दे दिया था ,मगरअब मेरी ,
साँसों पर भी मेरे पति का पहरा ऊपरवाले ने लगा दिया है।

मेरे पति जब तक मात्र पति थे अच्छे थे ,
अब जब से परमेश्वर बने हैं और भी सहृदय हो गयें हैं ,
हालाँकि इसमें उम्र और हालात दोनों का भी प्रभाव है।

मगर अब डर है तो  सिर्फ इस बात का ही ,
कि ऊपरवाला उन्हें मेरा परमेश्वर बनाते बनाते ,
कहीँ  पत्थर का ही तो नहीं बना देगा।

8 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 17/10/2016
    • Manjusha Manjusha 17/10/2016
  2. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 17/10/2016
    • Manjusha Manjusha 17/10/2016
  3. babucm babucm 17/10/2016
    • Manjusha Manjusha 17/10/2016
  4. Kajalsoni 17/10/2016
    • Manjusha Manjusha 17/10/2016

Leave a Reply