दीपक

दीपक

बन सके सूरज न तुम तो

दीपक ज़रूर बनना है

याद ये रखना सदा

तुम्हें आग ही में जलना है

कर्तव्य है दीपक का जो

तुमको वही निभाना है

अस्तित्व अपनी मिटने न देना

तुमको तो रोशन होना है

शाम जो होती है तो

दीपक ही काम आता है

हर आँगन करता है रोशन

खुद आग ही मे जलता है ।

2 Comments

  1. mani mani 16/10/2016
  2. Markand Dave Markand Dave 16/10/2016

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