ये वक्त की माया है जो हर तरफ अंधेरा छाया है…

ये वक्त की माया है जो हर तरफ अंधेरा छाया है
हर बुरे वक्त के बाद, अच्छा वक्त भी तो आया है
ईश्वर ने क्या सिस्टम बनाया है सब मोह-माया है
फिरभी अाजतक किसी को, यह बात समझ नही आया है

हम काट रहे ज़िन्दगी धन-दौलत बचातेे, अपनो के लिये
क्यो नही समझते कि ना कोई लाया था, ना ले जा पाया है
जी लो खुलकर, जीवन के हर एक पल को, मेरे दोस्तो
क्योकि बिता हुआ पल फिर कभी ना लौटकर आया है

यह था मेरा अनुभव जो मैने आपको बताना चाहा है
जो समझे तो ठीक नही तो उन्हे वक्त ने समझाया है
जिसने भी धन-दौलत के चक्कर में अपनो को गवाया है
उसके आखरी वक्त में, अपना कोई भी काम ना आया है!

4 Comments

  1. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 11/09/2016
  2. C.M. Sharma babucm 12/09/2016

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