तंज़ – शिशिर मधुकर

मेरे जज्बातों को पढ़कर वो मुझ पर तंज़ कसते हैं
जिनके मन में भरा हो बिष वो मिलकर न हँसते है
जब बादल हो केवल नाम के और जल ना बरसाए
धरा पर पेड़ पौधे जीव सब प्यासे हो कर तरसते है

शिशिर मधुकर

14 Comments

  1. ALKA ALKA 02/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
  2. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
  3. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
  4. mani mani 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
  5. शीतलेश थुल शीतलेश थुल 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016
  6. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 03/09/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/09/2016

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