नसीब

Naseeb-ak-hq

छोडो ये रूठने मनाने की गुस्ताखियां
नफरत की आग में कही खुशियो के पल जाया न हो !
जी भर के कर लो आज दिल की बाते
क्या पता आने वाले पल के नसीब में ये पल हो न हो !!

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डी. के. निवातिया______@

14 Comments

  1. C.M. Sharma babucm 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
  2. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
  4. Kajalsoni 29/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/08/2016
  5. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 30/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 30/08/2016

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