सपने आए आॅखों में – बी पी शर्मा बिन्दु

जब रैन भये तो नैन मिले
जब नैन मिले तो चैन कहाॅ।
जब फूल खिले तो हम विखरे
जब शूल चुभे तो हम सिहरे।
अब सपनें आए आॅखों में
तब बेचैनी क्यों रातों में।
जब रैन भये तो नैन मिले
जब प्यास लगी तो हम रोये।
जब भुख लगे तो हम सोये
अब निंद कहाॅ जो हम भागे।
अब भूख नहीं जो हम जागे
जब रैन भये तो नैन मिले।
अब प्यार कहाॅ जो हम सीखें
जो हम सीखें वो सब लीखें।
जब बात बनी तो सब दीखे
जब बिगड़ी बात तो सब तीखे।
जब रैन भये तो नैन मिले
जब यार छलावा करते हैं।
सब प्यार दिखावा करते हैं
सत्य.अहिंस न्याय ही बल।
यही है एकता यहीं पर चल
जब रैन भये तो नैन मिले।

Writer Bindeshwar Prasad Sharma (Bindu)
D/O Birth 10.10.1963
Shivpuri jamuni chack Barh RS Patna (Bihar)
Pin Code 803214

12 Comments

  1. शीतलेश थुल शीतलेश थुल 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 13/08/2016
  2. babucm babucm 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 13/08/2016
  3. अभिनय शुक्ला अभिनय शुक्ला 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma 14/08/2016
  4. mani mani 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma 14/08/2016
  5. sarvajit singh sarvajit singh 13/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma 14/08/2016

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