अधूरी तमन्नाए……..

हम चाहते है बहुत
हम प्यार करते है बहुत
हम लड़ते है बहुत
हम झगड़ते है बहुत
क्या कभी सोचा है ”क्यों,,

हमारी तमन्नाए जो अधूरी ठहरी।।।

सविता वर्मा

6 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 10/08/2016
  2. mani mani 10/08/2016
  3. C.M. Sharma babucm 10/08/2016
  4. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 10/08/2016
  5. Saviakna Saviakna 10/08/2016

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