बगावत कर लेंगे

****बगावत कर लेंगे::गज़ल****

छुप के बैठे हैं कई अल्फाज़ मेरे होठों की तहों में,
तुम कोई बात करोगे तो ये बेबात बगावत कर लेंगे l

बड़ी मुश्किल से मेरे हालात मेरे काबू
में हुए हैं,
तुम मेरा हाल ना पूछो वरना हालात बगावत कर लेंगे l

तुम्हें खयाल नहीं शायद कि तुम्हारे खयाल में अक्सर,
ऐसा लगता है कि जैसे खयालात बगावत कर लेंगे l

मेरी आंखों का लहू पीकर जो मेरी रग-रग में रवां रहते हैं,
देखना एक दिन वो सब-के-सब लम्हात बगावत कर लेंगे l

छोड़ जाना ही था तुमको तो पास आये क्यूं थे,
कभी मिलोगे तो ऐसे ही कई सवालात बगावत कर लेंगे l

तुम अगर दूर हुए हो तो अब दूर ही रहना मुझसे,
पास आओगे तो फ़िर से मेरे जज़्बात बगावत कर लेंगे ll

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-Er Anand Sagar Pandey

9 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 04/08/2016
    • Er Anand Sagar Pandey 04/08/2016
    • Er Anand Sagar Pandey 04/08/2016
    • Er Anand Sagar Pandey 04/08/2016
  2. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  3. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 05/08/2016

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