डाॅक्टर और दवा

मंहगे सारे दवा निकल गये
आदमी आम के हवा निकल गये
डाॅक्टर हकीम बैद्य बैठकर
कमिशन और नफा निगल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
जाॅच घर उनके मरजी के
नम्बर लगते उनके अरजी के
उनके दफ्तर क्लिनिक मेडिकल
सब सबके सगा निकल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
घरवाला का है रोगी रोता
खेत खलिहान घर है खोता
कर्ज उनके बढ़ गये इतने
रखे सारे जमा निकल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
पैसे पर वो खूब टूटते हैं
सौ में अस्सी ऐसे लुटटे हैं
विष्वास किया उसने जिस पर
वो भी अब ठगा निकल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
नकली दवा जान है लेती
बदले में कुछ भी नहीं देती
पकड़ा गया जब भी उनको
बचके देखो सफा निकल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
आओ खंडन करे हम उनका
पकड़ के मुंडन करे हम इनका
कानून के अब करो हवाले
मुदई 420 के दफा निकल गये
मंहगे सारे दवा निकल गये ।
बी पी शर्मा बिन्दु

Writer Bindeshwar Prasad Sharma (Bindu)
D/O Birth 10.10.1963
Shivpuri jamuni chack Barh RS Patna (Bihar)
Pin Code 803214

6 Comments

  1. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 03/08/2016
  2. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 03/08/2016
  3. mani mani 03/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 05/08/2016
  4. C.M. Sharma C.m.sharma(babbu) 04/08/2016
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma (bindu) 05/08/2016

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