नशा……………

नशा करना है तो ईश भक्ति का करो मादकता मे क्या रखा है।
जिदंगी किसी नेक मकसद से जियो विलासिता मे क्या रखा है ।
वैसे तो संसार मे जन्म लेते है विभिन्न प्राणी करोडो योनियो मे ।
इंसान रूप है अवतार कुदरत का, बाकी नरक स्वर्ग मे क्या रखा है ।।



डी. के. निवातियॉ____________@

20 Comments

  1. mani mani 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  2. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  3. MANOJ KUMAR MANOJ KUMAR 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  4. Kajalsoni 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  5. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  6. sarvajit singh sarvajit singh 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 04/08/2016
  7. C.M. Sharma C.m.sharma(babbu) 04/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 05/08/2016
  8. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 05/08/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 05/08/2016

Leave a Reply