मकान और घर

House and Home
जो सिर्फ ईंटो और सीमेंट से बना हो,
वो घर नहीं कहलाता है,
जहाँ हंसी की खिलखिलाहट न हो,
सुख दुख में परिवार साथ न हो,
दीवारें हो चाहें कितनी मजबूत,
बेजान सा नजर आता है,
वो फिर घर नहीं,एक मकान बनकर रह जाता है,
फिर भी इंसान न जाने क्यों उस मकान पर इतना इतराता है,
मेहनत और जज्बा हो अगर,
मकान बनाया जा सकता है,
लेकिन नींव प्यार की कमजोर है तो,
परिवार बंट जाया करते हैं,
कई बार इस मकान की खातिर,
लोग अपनों को ही दगा दे जाया करते हैं,
षडयंत्र के सारे दाव पेंच आजमाया करते हैं,
इस बेजान चीज को पाने की खातिर,
अपनों की ही जान का सौदा कर जाते हैं,
और इस मकान के लालच में,
घर को ही दफ़न कर जाते हैं,
घर को ही दफ़न कर जाते हैं।
By:Dr Swati Gupta

17 Comments

  1. RAJ KUMAR GUPTA Raj Kumar Gupta 31/07/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  2. babucm C.m.sharma(babbu) 31/07/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 31/07/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  4. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 31/07/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  5. sarvajit singh sarvajit singh 31/07/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  6. Arun Kant Shukla 01/08/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
    • Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/08/2016
  7. mani mani 02/08/2016

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