मुस्कुराहट – शिशिर मधुकर

खुदा ने इंसा को जब बनाया था
उस के मन में तो यही आया था
बहुत हँसी मेरा जहाँ हो जाएगा
मेरा ये बेटा जब भी मूस्कूराएगा
उसने पर कैसी ये हालत कर दी
प्रेम छोड़ा मन में नफरते भर दी
अब तो वो जानवर से बदतर हैं
अपनों को मारता वो अक्सर हैं
हमें मिलजुल अब सोचना होगा
बहशत के खेल को रोकना होगा
नहीँ तो धरती नरक बन जाएगी
कोई मुस्कुराहट जहाँ ना आएगी

शिशिर मधुकर

19 Comments

  1. babucm babucm 28/07/2016
  2. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
  3. mani mani 28/07/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
  4. Kajalsoni 28/07/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
  5. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 28/07/2016
  6. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
  7. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 28/07/2016
  8. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
  9. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 28/07/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016
      • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 28/07/2016
  10. sarvajit singh sarvajit singh 28/07/2016
  11. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/07/2016

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