तू ही तो है…by Gulshan kumar

तू ही तो है जो मेरे लवों पर खिलती है
मेरी आँखों से जो छलकती है वो तू ही तो है

तू ही तो जो मेरे हर कदम पर साथ है
मेरी तन्हाइयों में भी तू ही तो है

तू ही तो जो मेरी सांसों में समाया है
जिसे पाना चाहता हूँ मैं वो तू ही तो है

तू ही तो है जो मेरा हिस्सा है
जो मुझमें रहती है वो तू ही तो है

तू ही तो है जो बंदगी है मेरी
जो मेरा खुदा है वो तू ही तो है

तू ही तो है जो सब कुछ है मेरा
जो मेरा सब कुछ है मेरा वो तू ही तो है

3 Comments

  1. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 24/07/2016
  2. mani mani 24/07/2016
  3. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 24/07/2016

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