मातम ।

नामी शायरों से भी कभी, लफ़्ज़ रूठ जाते हैं,
अपनों के मातम में, जब-जब वो शरीक होते हैं…!

लफ़्ज़ = शब्द;
मातम = मृत्यु शोक;
शरीक = शामिल;

मार्कण्ड दवे । दिनांकः ०९ जुलाई २०१६

MATAM

8 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 09/07/2016
  2. babucm C.m.sharma(babbu) 09/07/2016
  3. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 09/07/2016
  4. Dr Chhote Lal Singh Dr Chhote Lal Singh 25/07/2016
  5. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 25/07/2016

Leave a Reply