ईद मुबारक ??

ईद मुबारक ???
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एक शक्तिमान की शहादत पे रोई थी जो
वो ज़मात हत्याओं की भी मुरीद हो गयी
हिंदू त्योहारों पे ज्ञान बांटें बरबादियों का
पाक, साफ ताजिया औ बकरीद हो गयी
जो है गोली विस्फोट और धमाकों का धर्म
उसी से अमन चैन की उम्मीद हो गयी
चहुंओर सजी थाल गौवंशों की बोटियों से
फ़िर कैसे इन्हें मुबारक ईद हो गयी

कवि देवेन्द्र प्रताप सिंह “आग”
9675426080