खेत रोता है

खेत रोता है
खलिहान रोता है
खाली पेट जब कोई
किसान सोता है .

सुख गयी खेत में
धमनी किसान की
भले ही लगा दिया
बाजी वो जान की
देश का कितना बड़ा
नुकसान होता है
खाली पेट जब कोई
किसान सोता है .

दिल में जो रक्खा था
मोती सम्भाल कर
रख दिया अपना वो
कलेजा निकालकर
अपने ही कुटुम्ब का
चिराग खोता है
खाली पेट जब कोई
किसान सोता है .

देखी अनदेखी का
शिकार हो गया
कितना ये किसान अब
लाचार हो गया .
पाता उतना भी नहीँ
जितना वो बोता है
खाली पेट जब कोई ……..

दीनता औऱ दर्द जब
किसान सहेगा
कभी नहीँ सुखी
इंसान रहेगा .
किसकी कमी से रक्त में
तन अपना भीगोता है
खाली पेट जब कोई
किसान सोता है

खेत रोता है
खलिहान रोता है
खाली पेट जब कोई
किसान सोता है !
!
!
डॉ सी एल सिंह

10 Comments

  1. chandramohan kisku chandramohan kisku 06/07/2016
  2. mani mani 06/07/2016
  3. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 06/07/2016
  4. Shweta goyal 06/07/2016
  5. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 06/07/2016
  6. Dr Chhote Lal Singh Dr Chhote Lal Singh 06/07/2016
  7. babucm C.m.sharma(babbu) 06/07/2016
  8. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 06/07/2016
  9. Harendrra Pandit Harendrra Pandit 09/07/2016

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