आँख मिचोली….मनिंदर सिंह “मनी”

ऐ बादल वक्त पर आ जाना,
मत खेलना आँख मिचोली,
मेरी नन्नी परी ब्याहने वाली हो ली ,
कल तक थी छोटी सी गुड़िया,
आज घर सँभालने वाली हो ली |
बड़े सपने देखे है मैंने,
अपने आँगन की इस कली के लिए,
बड़ा प्यार-सत्कार दिया इसने मुझको,
अब और के घर की लक्ष्मी बनने वाली हो ली |
तुम वक्त पर आ जाना, उतना बरस जितनी जरूरत,
मेरी फसल को लहरा जाना,
खरीद लूंगा कुछ लत्ते- गहने, राशन भी है भरना,
मेरी बेटी की उम्र कन्यादान वाली हो ली |
तुम कब आओगे ? कैसे बरसोगे ?
इसी बात पर मेरी कयास लगी,
ज्यादा कुछ नहीं ख्वाहिश तुझसे,
मेरी पगड़ी की इज़्ज़त रख लेना,
जाये ना मेरी बेटी ले खाली झोली,
तू ही रब है मेरा, मैंने तुझसे ही है माँगा,
अन्नदाता मुझे कहती दुनिया, दंभ नहीं इस बात पर,
तेरे आगे हाथ फैलाए है खड़ा,
उठ जाये इस घर से ख़ुशी-ख़ुशी उसकी डोली |
ऐ बादल वक्त पर आ जाना,
मत खेलना मुझसे आँख मिचोली |

26 Comments

    • mani mani 23/06/2016
  1. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 23/06/2016
    • mani mani 23/06/2016
    • mani mani 23/06/2016
  2. shrija kumari shrija kumari 23/06/2016
    • mani mani 23/06/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 23/06/2016
    • mani mani 23/06/2016
  4. Inder Bhole Nath Inder Bhole Nath 23/06/2016
    • mani mani 23/06/2016
  5. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 23/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  6. sarvajit singh sarvajit singh 23/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  7. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 24/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  8. chandramohan kisku chandramohan kisku 24/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  9. babucm babucm 24/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  10. अरुण कुमार तिवारी अरुण कुमार तिवारी 24/06/2016
    • mani mani 24/06/2016
  11. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad Sharma (Bindu) 24/06/2016
    • mani mani 24/06/2016

Leave a Reply