तेरा गम

गम तेरा नहीं होगा कम
तुम ज्यादा पियो चाहे कम ।
गम आॅधी है तुफान ऐसा
तंग करता है हैवान जैसा
इसमें आंखे हो जाती नम
तुम ज्यादा पियो चाहे कम ।
आखिरी बात मेरी भी मानो
गम होता क्या इसको जानो
इसमें कुछ भी नहीं है दम
तुम ज्यादा पियो चाहे कम ।
यादें मिटती नहीं है कभी भी
चैन मिलती नहीं है अभी भी
चाहे जितना हो जुल्मों सितम
तुम ज्यादा पियो चाहे कम ।
प्यार पागल दिवाना यही है
इसको मानों युगों से रही है
चोट लगे तो लगा दो मरहम
तुम ज्यादा पियो चाहे कम ।
बी पी षर्मा बिन्दु

Writer Bindeshwar Prasad Sharma (Bindu)
D/B 10.10.1963
Shivpuri jamunichack Barh RS Patna (Bihar)
P/C 803214

8 Comments

  1. C.M. Sharma babucm 22/06/2016
  2. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 22/06/2016
  3. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad Sharma (Bindu) 24/06/2016
  4. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad Sharma (Bindu) 24/06/2016
  5. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad Sharma (Bindu) 24/06/2016
  6. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad Sharma (Bindu) 24/06/2016

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