मेरे अपने ।

मैं भी लगा, हसीलों की लाइनों में, भीख माँगने,
मेरा साया तक गिरवी रख आए जब, मेरे अपने..!

हसील = भोलाभाला;
लाइन = क़तार;
साया = परछाईं;
गिरवी = बन्धक;

मार्कण्ड दवे । दिनांकः १८ जून २०१६.

MERE APANE

10 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 19/06/2016
  2. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 19/06/2016
  3. C.M. Sharma C.m.sharma(babbu) 19/06/2016
  4. आदित्‍य 19/06/2016
  5. अरुण कुमार तिवारी arun kumar tiwari 19/06/2016
    • Markand Dave Markand Dave 20/06/2016

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