सफल दम्पत्ति – शिशिर मधुकर

जब दूल्हा दुल्हन मिलते हैं तन का आकर्षण होता है
एक दूजे के संग रह कर ही शख्सों का अहसा होता है
सपनों की दुनियाँ के आगे जब सच से सामने होता है
टूटे ख्वाबों का दर्द लिए तब हर व्यक्ति तन्हा होता है
इससे पहले की दूर हों साथी बच्चे परिवार में आते हैं
फिर नए सिरे से उन दोनों के रिश्ते परिभाषा पाते हैं
नव जीवन के लालन पालन की वो संरचना करते हैं
धीमे धीमे फिर वो दोनों एक दूजे के दिल में बसते हैं
जो भी जीवन में ये रिश्ते शिद्दतों के साथ निभाते हैं
वो ही तो इस दुनियाँ में सफल दम्पत्ति कहलाते है .

शिशिर मधुकर

11 Comments

  1. C.M. Sharma babucm 03/05/2016
  2. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 03/05/2016
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/05/2016
      • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 03/05/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/05/2016
  4. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 03/05/2016
  5. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/05/2016
  6. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 03/05/2016
  7. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 03/05/2016
  8. sarvajit singh sarvajit singh 03/05/2016
  9. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 04/05/2016

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