दुआ……

जाने क्यों इतना हर पल सताता है कोई
भुलाने पे और ज्यादा याद आता है कोई
रात के अँधेरे में खुदा से की थी अरदास
तब जाके दिल की दुआ बन पाता है कोई !!
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डी. के. निवातियाँ ___________@

16 Comments

  1. babucm babucm 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  2. Meena Bhardwaj Meena bhardwaj 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  4. Archana mehta 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  5. sarvajit singh sarvajit singh 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  6. anuj tiwari 27/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 27/04/2016
  7. Inder Bhole Nath Inder Bhole Nath 28/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 28/04/2016
  8. MANOJ KUMAR MANOJ KUMAR 29/04/2016
    • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 29/04/2016

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