महिला सशक्तिकरण

IMG_20160218_170836शशक्त महिला, मजबूत समाज पर महिला शशक्तिकरण आएगा कैसे।
परुषों पर चढ़ा है जो पुरुषत्व का नशा वो इतनी जल्दी जायेगा कैसे।
क्या है किसी नारी का पति, जिसकी दिली इच्छा मजबूर होने की हो।
खाना बनाने, बर्तन, झाड़ू पोछा और बीबी बच्चों के कपडे धोने की हो।।
कौन है नर यहाँ जो खुसी खुसी जोरू का गुलाम कहलवाना चाहेगा।
सदीओं की बादशाही हुकूमत को पल भर के लिए भी गवाना चाहेगा।।
किसकी ख्वाइस उमड़ रह दुधमुहे बच्चे की गंदगी साफ करने की।
किसकी हिम्मत है आधी रात को घर आती बीबी को, माफ़ करने की।।
कौन महापुरुष कदम बढ़ाएगा यहाँ, माँ बहन बेटी की गाली बदलने को।
किसकी फिकरत गवारा करेगी अपनी अहंकारी पुरुषत्व कुचलने को।।
पड़ जाये थप्पड़ अगर किसी नारी का तो कैसे कोई नर बर्दास्त करेगा।
पत्नी के दीर्घायु और सतायु हेतु कौन सातों सोमवार उपवास करेगा।
महिला शशक्तिकरण के लिए पुरुष के अहंकारी ढांचे को बदलना होंगा
थोड़ा ही सही, पर अपने कदम पीछे, और पत्नी को आगे करना होंगा।।

सुरेन्द्र नाथ सिंह “कुशक्षत्रप”

10 Comments

  1. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 18/04/2016
    • सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 18/04/2016
      • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 18/04/2016
        • सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 18/04/2016
          • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 18/04/2016
          • सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 18/04/2016
  2. C.M. Sharma babucm 18/04/2016
    • सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 18/04/2016
  3. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 18/04/2016
  4. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 19/04/2016

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