||व्यथित मन |हाइकू ||

“व्यथित मन
विरह में फिर से
हुआ है आज,

सन्नाटा छाया
चहु और पुनः है
आवारा दिल ,

प्यार की बातें
छलावा सा अतीत
बीते सपने ,

तनहा वक्त
अनजान सफर
खोयी मंजिल ||”

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  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 01/03/2016

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