मुक्तक

मिटाने से लकींरें ,
कभी छोटी नहीं होतीं |
नियत नेक लोगों की ,
कभी खोटी नहीं होतीं|
चाहे कितना भी भरा हो ,
सोना खजाने में ,,
आटे के बिना पंकज ,
कभी रोटी नहीं होतीं |
आदेश कुमार पंकज

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