मैं रास्ता बदल जाऊंगा

तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा
जिस रास्तो से तुम गुजरोगी
वाह पथ मैं छोड़ जाऊंगा
जब याद कभी करोगी मुझको
तेरी यादों से निकल जाऊंगा
तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

जो हो मुझसे तुम नाराज
तेरी यादे छोड़ जाऊंगा
तेरे संग बिताए सभी
उन लम्हो को भूल जाऊंगा
तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

चाहोगे तुम अगर तो, मैं
अपनी खुशियाँ भूल जाऊंगा
गुजारोगी तुम जिस भी गली से
वो गलियाँ मैं छोड़ जाऊंगा
तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

जिस कविता से तुम हो नाराज
वो कविता छोड़ जाऊंगा
तेरे यादों का महल मैं
एक पल में तोड़ जाऊंगा
तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

जो मुझसे तुम हो नाराज
मैं खुद को भूल जाऊंगा
तेरी यादों और वो पल
मैं सब को छोड़ जाऊंगा
तेरे इंकर करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

मेरे जिस बातो से तुम हो नाराज
वो बाते न भूल पाऊँगा
वो लम्हे, उन बातो को याद कर
मैं जीवन भर पछताऊंगा
तेरे इंकार करने से पहले
मैं रास्ता बदल जाऊंगा।

-संदीप कुमार सिंह।

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