||असहिस्णुता की बहस और सम्मान वापसी ||

“देखो कैसे खत्म हो गयी
आज बहस असहिस्णुता की
ना कोई सम्मान वापसी
ना लड़ाई है मजहब की ,

शांतिप्रिय हो गया है वातावरण
सौहार्द्र ही नजर अब आता है
विवादों की शाम हो गयी
भाईचारे की सुबह अब आती है ,

ना हुए कहीं पे दंगे देखो
ना हुआ है कहीं रक्तपात
पहली बार बिना कोशिशों के
देखो रुक गया है आपात ,

क्या थी वजह विवादों की
क्यों भ्रमित किया था जनमानस को
क्या खेल था यह सियासत का
या सेक्युलर सेक रहे थे खुद को ,

गुजर गया एक पल में सहसा ही ,
देखो विवादों का यह चक्रवात
जैसे ना था कुछ इसके पहले तक
कोई वाद और विवाद ,

स्थगित हो गयी है असहिस्णुता अब
अगले चुनावी दंगल तक
होगी शुरू फिर सम्मान वापसी
अगले चुनावी दंगल तक ||”

2 Comments

  1. RAJ KUMAR GUPTA Raj Kumar Gupta 19/11/2015
  2. omendra.shukla omendra.shukla 20/11/2015

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