अहमियत

अहमियत

मुझे अहमियत दो
या ना दो
मगर………..
मेरे गीतों को
तुम अहमियत दो ।
कंठ रूपी सागर में
बनाकर छोटी कष्ती
बनकर खुद मांझी
इन्हें तुम पार उतार दो।
मगर………..
मेरे गीतों को
तुम अहमियत दो ।
तुफान आयेंगे
या आएं बवंडर
देख इन्हें
न जाना डर
इन गीतों पार उतार दों
मगर………..
मेरे गीतों को
तुम अहमियत दो ।
-ः0ः-

Leave a Reply