प्रिये आ ही जाओ।

प्रिये आ ही जाओ।

चूड़ी खनकाती
पायल छनकाती
महकती चहकती
तुम आ ही जाओ।
प्रिये मेरे जीवन में।
मेरी आंखें घर के
दरवाजे पर टिकी हैं
तुम्हारे स्वागत के लिए
एक ही जगह रूकी हैं
इन्हें इंतजार तुम्हारा है
ना इन्हें ओर तड़फाओ
प्रिये तुम आ ही जाओ।
सूनी चौखट, सूना घर
पूरा खाली है पड़ा
वीरान से इस घर में
मैं अकेला हूं रहता
और तुम्हें ही चाहता हूं
फिर से घर चहकने लगे
ऐसी बहार प्रिये तुम लाओ।
प्रिये तुम आ ही जाओ।
-ः0ः-

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