नतमस्तक होगा जहा

उम्मीदों की किरणें रोशन कर
आगे-आगे बढते जा तू
तेरे इंतजार मे बैठी मंजिल तेरी
मोड लेती राहों पर बस चलते जा तू

लगे सारा मौहाल तुजे गिराने मे
तुजमे है हिम्मत संभल जाने की
अपने आप को थोडा तू निखार लें
ताकत है तुजमे हर चाहत को पाने की

ये दुनिया क्या बिगाड लेगी तेरा
तुजमे है नूर चमकते सोने सा
अपनी प्रतिभा से लिख दें एक इतिहास
तुजमे है साहस आसमान छूने का

सोच, आशा और मेहनत से
तुजे कामयाबी का शिखर मिलेगा
नतमस्तक होगा जहा तेरे सामने
तेरी ही खुशबू से हर फूल खिलेगा

2 Comments

  1. rajiv 25/01/2015
    • Chirag Raja 05/08/2015

Leave a Reply