एक इंसा की खोज में

एक इंसा की खोज में, निर्भार अपनी मौज में
निकलता हूँ रोज मैं, एक इंसा की खोज में

कही आज जी लूं, तो मिल जाए वो
कही आज पी लूं, तो मिल जाए वो
कही आज डूब जाऊँ, इसी रोज मैं

एक इंसा की खोज में, निर्भार अपनी मौज में
निकलता हूँ रोज मैं, एक इंसा की खोज में

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