अतिथि स्वागत – कवि विनय भारत

फूलों से कर रहे हैं स्वागत हम तुम्हारा

हमारे यहाँ पधारे अहसान है तुम्हारा

आप यहाँ पधारे महकी हमारी बगिया

आशीष से तुम्हारे कार्यक्रम सफल हमारा

कवि विनय