उत्तर प्रदेश

उत्तर प्रदेश

यह मेरा उत्तर प्रदेश,

प्रसन्नता के पल बस कुछ ही हैं शेष।

जनता मे खूब है रोष,

पहले था अब कुछ भी नहीं यहाँ विशेष॥

एक जैसी ही सरकारें आती हैं बदल भेष,

सब देते हैं बस एक दूसरे को दोष।

आपस मे ही बड़ा है द्वेष,

हाय! ये मेरा बड़ा सा उत्तर प्रदेश॥

बिजली-पानी की यहाँ मची है किल्लत,

बिगड़ी हुई है यहा हर जिले की हालत।

आम आदमी यहाँ झेल रहा है ज़िल्लत,

और नेता जी बटोरते जा रहे हैं दौलत॥

हाय! ये मेरा उत्तर प्रदेश,

न जाने कब बदलेगा इसका भेष?

गरीब और भी गरीब होता जा रहा है,

अमीरों का पेट और तनता जा रहा है।

जात-पात का अंतर भी बढ़ता जा रहा है,

कानून और समाज यहाँ अब सड़ता जा रहा है॥

हर घटना पे मुआवजा ही शेष है,

ऐसा मेरा यह उत्तर प्रदेश है।

कहने को कुछ भी नहीं अब शेष है,

अब ऐसा कुछ नहीं जो विशेष है॥

मेरठ हो या गाज़ियाबाद,हो आजमगढ़ या प्रतापगढ़,

पूरा का पूरा प्रदेश अब बन रहा है गुंडो का गढ़।

हालात यहाँ थे बेकाबू अब और भी रहें हैं बिगड़,

नकल के भरोसे बच्चे बनते जा रहे हैं अनपढ़॥

हाय! ये मेरा उत्तर प्रदेश,

कुछ भी नहीं अब यहाँ विशेष।

सच्चाई, ईमानदारी, और अच्छाई के,

बस रह गए अब अवशेष हैं।

घूसख़ोरी, जमाखोरी, और बुराई के,

किस्से ही यहाँ पर अब विशेष हैं॥

गंदगी, प्रदूषण, लालच यहाँ भरपूर है,

गुटका-शराब के नशे मे सब चूर हैं।

नेताओं को अपनी कुर्सी का गुरूर है,

इनकी पनाह मे गुंडो का अपना अलग सुरूर है॥

लीडर बन बैठा है जिसपर ढेरों केस हैं,

बड़ी खराब है सूरत ऐसा अपना प्रदेश है।

हाय! यह मेरा उत्तर प्रदेश है,

हाय! ये उत्तर प्रदेश, यह मेरा उत्तर प्रदेश है ॥

                                                        ****                        Abhishek Awasthi

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