क्या संदेशा लाये बादल

क्या सन्देशा लाये बादल,
विकसित सुमन हृदय आंगन में
नव हरीतिमा मन प्रांगण में,
स्मृतियों की बूंदें बरसीं ,
मधुरिम गीत सुनाये पायल
क्या संदेशा लाये बादल !
विरहाकुल मेहा बन नैना ,
शून्य क्षितिज की ओर निहारें,
शरद चन्द्रिका के वितान सा,
पुलकित यह अंतर्मन पागल
क्या संदेशा लाये बादल !
नभ मंडल में चपला नर्तन ,
तमसावृत मेघों का गर्जन ,
स्मृतियों का यह आवर्तन
सिहर उठा विरहिन का आंचल
क्या संदेशा लाये बादल !

 

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