भोर की किरण

भोर हुई
नभ लालिमा के साथ ही
सूरज की तीखी किरणें
निकल आयीं |

दोपहर हुआ,
शाम भी आई|
पर किरणों में
न तो आ पाया वह धार ,
न आयी वैसी गरमाई |

Leave a Reply