हाय- हाय! परीक्षा आ गयी

हाय- हाय! परीक्षा आ गयी

 

घर में  चुप्पी  है  छा गयी ,

टी . वी रेडियो,मोबाइल बंद  हो  गए ,

खाने -पीने पर पाबन्द लग गए .1

अगर थोड़ा आराम  करना  चाहें  ,

माँ -बाप आग बबूला हो जाते हैं .

सैर – सपाटे की क्या बात करें .

सारे मित्र ईद का चाँद हो   गए हैं  .

 चेहरे पीले और कुम्लाह गए हैं,

आखों से नींद गायब हो   गयी है ,

आखों से झर-झर   नीर बहने लगे हैं ,

कुछ कहो तो भाषण सुनने को मिलते  हैं . 3

तुम्हारी अक्ल घास चरने गयी है,

हम उनकी बुढापे की लाठी  हैं,

फेल हो गए तो  मुंह  दिखाने  लायक  न  रहोगे ,

आटे- दाल  का  भाव  मालूम  हो जाएगा . 4

 हाथ  पर  हाथ  धरे  बैठे  रहते  हो ,

पांव  तले धरती  खिसक  जायेगी ,

किसी  भी   काम  के  नहीं  रहोगे,

सारी  उम्र  फूट -फूट  कर  रोते  रहोगे .5

आये  हुए  अवसर  को  मत  गवांओ ,

उचित  समय  का  प्रयोग  करो ,

अगर  नंबर  बहुत  कम  भी आ गए ,

कुछ  नहीं  से  थोड़ा  ही  सही . 6

 नाही  मामा  से  काना  मामा  भला  ,

अगर  उत्तम  श्रेणी  में  पास  हुए  ,

तो  तुम्हारी  जय -जय  कार  होगी ,

फूलों  से  लाद दिए  जाओगे . 7

गया  समय   फिर   हाथ  आता नहीं ,

अब  पछताए   होत क्या  ,

जब  चिड़िया  चुग  गयी  खेत .

अंत   भला   सो   भला ,

हाय-हाय  कैसी  परीक्षा आ गयी  . 8

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