नेता जी मस्त

ये नेता होते भ्रष्ट
ये देवें सबको कष्ट
खुद तो हैं ये हष्ट-पुष्ट
पर देश को करें ये नष्ट
इनका system अस्त-व्यस्त
जनता है इनसे त्रस्त
आग लगी है बस्ती में
ये अपने में मस्त

 

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