मुझे कुछ कहना है

 

अभी रात बाकी है ………………………..?

अभी बात बाकी ………………………….?

क्म्ब्ख्त कब से  कुछ कह्ने की कोशिश मे रहा….?

बेदर्द जमाने को सुनने की फुरसत ही ना रही……?

 

तड़प की झड़ी लगती ग़ई और मै बेबसी क़े दरवाजे पर..,

बेबस बेबस हुआ…………………………………?

क्म्ब्ख्त कहने की कोशिश कोशिश ही बनकर रह गई…?

मुझे लगा मैने बहुत बहुत कहा…! प्रभाष

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