वो आते हैं किसकी रज़ा से यहाँ

वो आते हैं किसकी रज़ा से यहाँ
कि होते हैं अज़ीबो-धमाके यहाँ

डर लगता है घर से निकलते हुए
कब फट जायेगा बम न जाने यहाँ

हिंद के सब्र का इम्तहाँ न लो
हमसे न सही, डरो खुदा से यहाँ

यूँ होता रहा तो हश्र क्या होगा
कौन किससे कहेगा अफसाने यहाँ

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  1. Yashodadigvijay4 19/07/2012

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