डारि द्रुम-पालन बिछौना नव-पल्लव के

डारि द्रुम-पालन बिछौना नव-पल्लव के
सुमन झिगूला सोहै तन छवि भारि दै
पवन झुलावै केकी-कीर बहरावे देव
कोयल हलावे-हुलसावे कर तारि दै
पूरित पराग सौं उतारौं करै राई-नोन
कंजकली नायिका लतानि सिर-सारि दै
मदन-महीपजू को बालक बसंत ताहि
प्रातहि जगावत गुलाब चटकारि दै

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