IBN…

फ़िक्र रहा न जाने का किसी का राह-ए-ग़ुजर मे,
ये ज़िक्र लिए जेहन मे सफ़र पे तन्हा हो चलें…

2 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/01/2019
  2. C.M. Sharma C.M. Sharma 11/01/2019

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