माँ — मधु तिवारी

💐माँ 💐
…. मधु तिवारी

माँ तेरी ममता का, मोल नहीं है।
इससे ज्यादा कुछ,अनमोल नहीं है।

कोख से जनम दिया,अमृत पिलाया है
एक-एक निवाला, तूने खिलाया है
तेरे प्यार का कहीं तोल नहीं है।
माँ तेरी ममता का मोल नहीं है।

सामर्थ्य सेअधिक सब कुछ लुटाया है
संतत के लिए तूने सब जुटाया है
ठोस,कहीं ममता मे पोल नहीं है।
माँ तेरी ममता का मोल नहीं है।

अनपढ़ रहे पढ़ी, ज्ञान उसे दिलाती हो
डगर यही चलके,जगत से मिलाती हो
साथी हो खूब,कहीं झोल नहीं है।
माँ तेरी ममता का मोल नहीं है।

सहती है कष्ट पर बेटे को पालती
तहे दिल से उसको,माँ ही संभालती
नेह मे है दृढ़ता,कभी ढोल नहीं है।
मां तेरी ममता का मोल नहीं है।

रीत को निभाने, बेटी को जुदा किया
उसे अपने घर से,सीख दे विदा किया
सीख से बड़ा, कोई बोल नहीं है।
माँ तेरी ममता का मोल नहीं है।
✍🏻श्रीमती मधु तिवारी, दुर्ग,छत्तीसगढ़
💐💐💐💐💐💐💐

5 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 15/10/2018
    • Madhu tiwari Madhu tiwari 17/10/2018
  2. Rajeev Gupta Rajeev Gupta 16/10/2018
    • Madhu tiwari Madhu tiwari 17/10/2018
  3. Bhawana Kumari Bhawana Kumari 19/10/2018

Leave a Reply to Shishir "Madhukar" Cancel reply