संकल्प

सब बातों को छोड़, बात करते हैं बीएसएनएल की
संचार-व्यस्था का यह अग्रदूत, है जो नियोक्ता हमारा।

यही हमें रोटी देता है, यही कपड़े भी देता है हमको
हमारे घर के सारे खर्चों का, सिर्फ़ यही है एक सहारा।

यह तो अपनी मां जैसा है सबसे अव्वल सबसे प्यारा
‘अहर्निशं सेवामहे’ कल भी था आज भी है अपना नारा।

उपभोक्ताओं को संतुष्ट करेंगे, चाहे जितना कष्ट सहेंगे
एशिया में सबसे आगे ले जाएंगे है यह संकल्प हमारा।

***** ***** ***** ***** ***** *****

भाग-2

सती प्रथा
दास प्रथा
स्त्रियों से भेदभाव
विधवा-विवाह
बाल-विवाह

छुआछूत
जात-पांत
मंदिर-मस्जिद
धर्म-सम्प्रदाय

अशिक्षा
अस्वच्छता
प्रदूषित हवा

अशुद्ध जल
तंत्र-मंत्र;

इन तमाम समस्यों से जकड़ा हुआ था अपना देश
बहुत-सी बाकी हैं, बहुतों से मुक्त हो चुका है देश।

कमीशन खोरी
किडनी चोरी
दहेज हत्या
दंगे-फसाद
भाई-भतीजावाद;

बेटियों से दुर्व्यवहार
लीडर्स का कदाचार
सरकारी तंत्र का भ्रष्टाचार
साइबर क्राइम, युवक बेकार।

नए जमाने की
नई समस्याओं ने जन्म ले रखा है
इंसानियत को तबाह कर रखा है।
***** ****** ******
आज़ादी के
पावन पर्व पर आज

आओ संकल्प करें
नए उत्साह के साथ
एक-एक कर सभी
समस्याओं को निपटा देना है;

नई युक्तियों के साथ जल्द ही
भारत को समस्या-मुक्त करना है
सभी बुराइयों को मिटा देना है।
…र.अ. bsnl

4 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 17/08/2018
  2. raquimali raquimali 18/08/2018
  3. C.M. Sharma C.M. Sharma 18/08/2018
  4. raquimali raquimali 18/08/2018

Leave a Reply