मेरी कलम 10…..काजल सोनी

कामयाबी ने फरमान भेजा
कि पा ले मुझे…..
मगर जिम्मेदारी ने मेरे
वहाँ तक पहुँचने न दिया…….!

खुले दिल का था
जो हारता रहा सबसे…..
मगर खुशमिजाजी ने मेरे
मुझे तड़पने न दिया………!

इश्क के आगोश में
बैठा रहा समंदर की तरह….
आँखों की लहरों को समेटे
जिसे कभी बहने न दिया…….!

बेशक वक्त मिटा देता है
गहरे जख्मों को….
ले आता है हर रोज नये
जानकर भी खुद को टुटने न दिया……!

मै हंसी का मोहताज तो नहीं
हंसता हूँ दिल खोलकर….
अदा ने इसी ,
मेरे दुश्मनों को कभी जितने न दिया…… ।।

” काजल सोनी “

18 Comments

  1. कपिल जैन कपिल जैन 25/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  2. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 26/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 26/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  4. ANU MAHESHWARI Anu Maheshwari 26/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  5. Bhawana Kumari Bhawana Kumari 26/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  6. डी. के. निवातिया Dknivatiya 26/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  7. C.M. Sharma C.M. Sharma 27/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  8. Ram Gopal Sankhla Ram Gopal Sankhla 27/01/2018
    • Kajalsoni 28/01/2018
  9. Madhu tiwari Madhu tiwari 03/02/2018
  10. Kajalsoni 03/02/2018

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