नव वर्ष – बिन्देश्वर प्रसाद शर्मा (बिन्दु)

देखो रे नटखट सूरज आया
वक्त बदल कर फिर मुस्काया
नव वर्ष ने भी वेश बदलकर
खुशियों का सौगात ले आया।

गलत किये जो उसको छोड़ो
जो अच्छा था वह फिर जोड़ो
अपने कर्म पर पक्का रहना
दिल को अपने सच्चा रखना।

देखो नटखट चाँद भी आया
तारों को संग साथ बुलाया
नव वर्ष का पैगाम ये लेकर
महफिल में गुलजार ले लाया।

भेद भाव सब दूर करें हम
गुस्से को चकनाचूर करें हम
नये संकल्प से मन को बांधे
निर्वल को अब दे दें कांधे।

देखो नटखट श्याम भी आया
मुरली के संग तान भी लाया
नव वर्ष ये मंगलमय हो तेरा
कर अभिनन्दन प्यार ले लाया।

14 Comments

  1. C.M. Sharma C.M. Sharma 01/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
  2. Bhawana Kumari Bhawana Kumari 01/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
  3. Kajalsoni 01/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
  4. ANU MAHESHWARI Anu Maheshwari 02/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018
  5. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 02/01/2018
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 06/01/2018

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