★★दिल किसीका कभीभी दुखाया न जायें★★

दिल किसीका कभीभी दुखाया न जायें
जख्म दिलका किसीको दिखाया न जायें
हो मोहोब्बत छुपीसी किनारो पे दिल के
पार दिलके कभीभी बहाया न जायें
 
दिल किसीका कभीभी दुखाया न जायें
जख्म दिलका किसीको दिखाया न जायें !!
 
राह जो ये मोहोब्बत की आसां नहीं
हर कोई जानता इसकी भाषा नहीं
हो अगर जानने वाला हाल-मोहोब्बत
राज दिलका फिर उससे छुपाया न जायें
 
दिल किसीका कभीभी दुखाया न जायें
जख्म दिलका किसीको दिखाया न जायें !!
 
साथ गर जिंदगी में किसीका मिले
हात गर सामने कोई आकर बढे
हो रही हो मुकम्मल अगर जिंदगी
प्यार ऐसा कोई फिर गवायाँ न जायें
 
दिल किसीका कभीभी दुखाया न जायें
जख्म दिलका किसीको दिखाया न जायें
हो मोहोब्बत छुपीसी किनारो पे दिल के
पार दिलके कभीभी बहाया न जायें
———————–//**–
गीत
शशिकांत शांडिले, नागपुर
भ्र.९९७५९९५४५०

5 Comments

  1. C.M. Sharma C.M. Sharma 07/12/2017
  2. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 07/12/2017
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 07/12/2017

Leave a Reply