जिंदगी की किताब…… काजल सोनी

तीन पन्ने हैं हमारी जिंदगी की किताब में….

पहला पन्ना पलट चुका है जिसे हम
दुबारा नहीं पलट सकते ……

तीसरा पन्ना जो वक्त आने पर खुद ब
खुद पलट जायेगा ………..

रह गया दुसरा पन्ना जो हमेशा हाथ में
होता है……
हम इस पन्ने को हाथ में लेकर पहले और
तीसरे पन्ने के बारे में सोचते रहते हैं,
जो हाथ में है उसे भुल जाते हैं। फिर वक्त
आते ही तीसरा और आखिरी पन्ना भी
पलट जाता है और हम इसे भी गवां बैठते
हैं………

इंसान को चाहिए कि वह बाकि पन्नों के बारे
में कम सोचें और जो हाथ में है उसमें दिल
खोलकर अपनी जिंदगी लिख दे ……… ।।

” काजल सोनी ”

5 Comments

  1. C.M. Sharma C.M. Sharma 21/11/2017
  2. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 21/11/2017
  3. Madhu tiwari Madhu tiwari 21/11/2017
  4. Arun Kant Shukla अरुण कान्त शुक्ला 22/11/2017
  5. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 25/11/2017

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