बताओ मुझे – आशीष अवस्थी

 

दीवाना मैं हूं कौन है दीवानी बताओ मुझे
लिख रहा हूं किसकी कहानी बताओ मुझे

बहोत तेज़ बज रहे हैं घुंघरू तवायफों के
बर्बाद हुई है किसकी जवानी बताओ मुझे

थक गए क्या काट के परिंदों के परों को
क्यूं उतरा है शमशीर का पानी बताओ मुझे

मर्द ने औरत ने या किसी शैतान ने रौंदा है
किसने उधेड़ी है जिंदगानी बताओ मुझे

कभी देखा नहीं महफ़िल को इतना रौशन
आज कौन है रात की रानी बताओ मुझे

कोई बना है हिन्दू कोई मुसलमां बना बैठा
कहां लगी है मज़हबी निशानी बताओ मुझे

शोहदे बने फिरते हो जो बेटी की उमर पे
है किसी की आंख में पानी बताओ मुझे।

6 Comments

  1. Madhu tiwari madhu tiwari 03/08/2017
  2. babucm babucm 03/08/2017
    • Ashish Awasthi Ashish Awasthi 03/08/2017
  3. babucm babucm 03/08/2017
  4. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 03/08/2017

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